Close Menu
    What's Hot

    लैलूंगा में अफीम कांड : छत्तीसगढ़ में सत्ता संरक्षण में पनप रहा नशे का साम्राज्य? — उत्तम जायसवाल, कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष, आप

    यूएनआई के महिला पत्रकारों से बदसलूकी, देश में प्रेस स्वतंत्रता पर कुठाराघात-मिहिर कुर्मी, प्रदेश मीडिया प्रभारी, आप

    कर्मचारी चयन मंडल विधेयक को मिली मंजूरी, लंबी चर्चा के बाद विधानसभा सत्र समाप्त

    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    News Lead 18
    • होम
    • सिटी न्यूज़
    • छत्तीसगढ़
    • भारत
    • देश – विदेश
    • मनोरंजन
    • राजनीति
    • खेल जगत
    News Lead 18
    Home » वक्फ संशोधन अधिनियम पर कानूनी चुनौती से पहले केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में दायर की कैविएट, 15 याचिकाओं पर 15 अप्रैल को सुनवाई संभावित
    भारत

    वक्फ संशोधन अधिनियम पर कानूनी चुनौती से पहले केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में दायर की कैविएट, 15 याचिकाओं पर 15 अप्रैल को सुनवाई संभावित

    News Lead18By News Lead18April 8, 2025
    Share Facebook Twitter Telegram Email Copy Link WhatsApp
    Follow Us
    YouTube WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter Email Copy Link Telegram WhatsApp

    वक्फ संशोधन अधिनियम पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई से पहले केंद्र सरकार ने दायर की कैविएट, एकतरफा आदेश से बचाव की मांग

    नई दिल्ली – वक्फ संशोधन अधिनियम, 2025 को सुप्रीम कोर्ट में दी गई कानूनी चुनौती के बीच केंद्र सरकार ने एहतियातन सुप्रीम कोर्ट में कैविएट दायर कर दी है। यह कदम एकतरफा आदेश (एक्स-पार्टी ऑर्डर) की आशंका से बचने के लिए उठाया गया है। केंद्र ने अदालत से आग्रह किया है कि किसी भी याचिका पर निर्णय लेने से पहले सरकार का पक्ष अवश्य सुना जाए।

    अब तक वक्फ संशोधन अधिनियम के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में 15 याचिकाएं दाखिल हो चुकी हैं, जिन पर 15 अप्रैल, 2025 को सुनवाई होने की संभावना है। इन याचिकाओं में AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी बनाम यूनियन ऑफ इंडिया की याचिका प्रमुख है।

    केंद्र सरकार की ओर से दायर यह कैविएट वक्फ कानून में हालिया संशोधनों के विरुद्ध दायर याचिकाओं के संदर्भ में सरकार की पहली औपचारिक प्रतिक्रिया मानी जा रही है। इस प्रक्रिया के तहत सरकार ने अदालत को सूचित किया है कि जब तक उसे सुना न जाए, कोई भी अंतरिम आदेश पारित न किया जाए।

    कानूनी दृष्टिकोण से कैविएट एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जो अदालत को यह सुनिश्चित करने के लिए बाध्य करती है कि किसी भी अंतरिम राहत या आदेश के पूर्व संबंधित पक्ष को सुनवाई का अवसर मिले। केंद्र सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि वह इस मामले में एक प्रमुख पक्ष है और उसका पक्ष सुने बिना कोई आदेश पारित नहीं किया जाना चाहिए।

    सुप्रीम कोर्ट में इस संवेदनशील मामले पर आगामी सुनवाई राजनीतिक और सामाजिक दृष्टिकोण से भी अहम मानी जा रही है, क्योंकि वक्फ अधिनियम में बदलावों को लेकर विभिन्न समुदायों और संगठनों में मतभेद देखने को मिल रहे हैं।

    Related posts:

    1. BREAKING: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय
    2. CG: स्वच्छता दीदियों और सफाई मित्रों को रोटेशन पर साप्ताहिक अवकाश, आठ घंटे की ड्यूटी के साथ मिलेगा कई लाभ
    3. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रमज़ान की शुभकामनाएं दीं, शांति और सद्भाव की कामना की
    4. अंबाला में खालिस्तानी समर्थकों के खिलाफ विरोध, भारत माता के पोस्टर लगाए गए
    Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Email Copy Link Telegram WhatsApp
    Previous Articleमिशन अमृत 2.0: सचिव बसवराजु ने कार्यों में देरी पर जताई नाराज़गी, बारिश से पहले परियोजनाएं पूर्ण करने के निर्देश
    Next Article शराब घोटाला: पूर्व मंत्री कवासी लखमा की रिमांड 5 दिन और बढ़ी, 11 अप्रैल तक जारी रहेगी पूछताछ

    Related Posts

    भारत

    ISRO का ऐतिहासिक कमर्शियल मिशन: 24 दिसंबर को LVM3-M6 से लॉन्च होगा ‘ब्लू बर्ड ब्लॉक-2’ उपग्रह

    भारत

    नए साल में अग्निवीरों के लिए खुशखबरी, सरकार ने BSF में 50% कोटा देने का लिया फैसला, अन्य केंद्रीय बलों में भी हो सकता है लागू

    भारत

    Assam Train Accident: राजधानी एक्सप्रेस हाथियों के झुंड से टकराई, इंजन और 5 डिब्बे पटरी से उतरे, 8 हाथी मारे गए

    Latest Posts

    लैलूंगा में अफीम कांड : छत्तीसगढ़ में सत्ता संरक्षण में पनप रहा नशे का साम्राज्य? — उत्तम जायसवाल, कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष, आप

    यूएनआई के महिला पत्रकारों से बदसलूकी, देश में प्रेस स्वतंत्रता पर कुठाराघात-मिहिर कुर्मी, प्रदेश मीडिया प्रभारी, आप

    कर्मचारी चयन मंडल विधेयक को मिली मंजूरी, लंबी चर्चा के बाद विधानसभा सत्र समाप्त

    अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संरक्षण आयोग की पहल पर पर्यावरण विभाग की बड़ी कार्रवाई;

    Breaking : छत्तीसगढ़ में दुर्ग, बलरामपुर के बाद अब रायगढ़ में अफीम की खेती का भंडाफोड़, तरबूज-ककड़ी की आड़ में चल रहा था नशे का खेल

    Chhattisgarh SIR: छत्तीसगढ़ की ड्राफ्ट मतदाता सूची आज होगी जारी, ऐसे चेक करें अपना नाम

    केरल में छत्तीसगढ़ के प्रवासी मजदूर की नृशंस हत्या, CM साय बोले– घटना अमानवीय; परिजनों को 5 लाख की सहायता

    CG Police Transfer List: पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल, राज्य पुलिस सेवा के 95 अफसरों के तबादले

    Chhattisgarh News: कोदो का सेवन बना जानलेवा, एक ही परिवार के 6 लोग बीमार, अस्पताल में भर्ती

    छत्तीसगढ़ में 1 जनवरी से डिजिटल क्रांति… सभी सरकारी काम होंगे ऑनलाइन, आदेश जारी

    Trending Posts
    Facebook X (Twitter) WhatsApp Instagram

    Laxman Sen

    Editor 

    Mobile – 8818866551
    Email- newslead18@gmail.com

    Useful Link

    • Privacy Policy
    • Term and Conditions
    • Disclaimer
    • Contact Us
    • About Us
    Develop By Nimble Technology

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.