रायगढ़: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में फिर से अफीम की खेती का मामला सामने आया है। जिले में दूसरी बार अवैध रुप से अफीम की खेती की जानकारी सामने आई है। अफीम की खेती की जानकारी मिलते ही प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और खेत को सील कर दिया। करीब 50 डिसमिल में अफीम की खेती की जा रही है थी। पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने अफीम की खेती का वीडियो सोशल मीडिया में शेयर किया है।
जानकारी के अनुसार, लैलूंगा थाना क्षेत्र में 50 डिसमिल में अफीम की खेती की जा रही थी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया है। जबकि तीसरा मौके से फरार हो गया। पुलिस के खेत में पहुंचते ही मौके से भागने की कोशिश कर रहे थे लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर जगतराम नाग और मनोज नाग को गिरफ्तार किया है। जबकि साधराम नाग मौके से फरार हो गया।
लोकल व्यापारी से लिए थे बीज
सोमवार पुलिस को सूचना मिली थी कि लैलूंगा थाना क्षेत्र के पास अफीम की खेती हो रही है। जिसके बाद पुलिस की टीम यहां पहुंची थी। पुलिस की पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि उन्होंने अफीम की खेती करने के लिए बीज पत्थलगांव के एक लोकल कारोबारी से लिए थे। पुलिस अधिकारियों ने उस कारोबारी के तलाश की बात कही है।
भूपेश बघेल ने बोला हमला
इस मामले में पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने बीजेपी सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा- “रायगढ़ ज़िले के लैलूंगा ब्लॉक के नवीन घट गांव में एक या दो नहीं बल्कि तीन अलग-अलग खेतों में अफीम पाई गई है। अब तो ऐसा लग रहा है कि भाजपा को अपना चुनाव निशान बदलकर “कमल के फूल” की जगह पर “अफ़ीम का फूल” कर लेना चाहिए।’
मार्च के महीने में 5वां मामला
छत्तीसगढ़ में मार्च के महीने में अफीम की खेती का यह 5वां मामला है। सबसे पहले दुर्ग जिले के सिमोदा गांव में अफीम की खेती का मामला सामने आया था। यह खेती बीजेपी नेता ताम्रकार कर रहा था। उसके बाद बलरामपुर जिले के दो थाना क्षेत्रों में अफीम की फसल मिली थी। अब रायगढ़ के आमाघाट क्षेत्र के बाद लैलूंगा थाना क्षेत्र में अफीम की खेती का मामला सामने आया है।
