Close Menu
    What's Hot

    रायपुर में सनसनी: पारिवारिक विवाद में जीजा ने दो सालियों को मारी गोली, एक की मौत, दूसरी की हालत नाजुक

    ड्राइवर ने SECL कर्मी की पत्नी को किडनैप किया:रिटायरमेंट का पैसा हड़पने घर से उठाया, पति को कॉल कर 22 लाख मांगे, 2 अरेस्ट

    छत्तीसगढ़ सेक्रेटरी का फेक साइन कर 1.5 करोड़ ठगे:टीचर-चपरासी ने फर्जी जॉब लेटर व्हाट्सऐप पर वायरल किया, लोगों से पैसे लिए; अरेस्ट

    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    News Lead 18
    • होम
    • सिटी न्यूज़
    • छत्तीसगढ़
    • भारत
    • देश – विदेश
    • मनोरंजन
    • राजनीति
    • खेल जगत
    News Lead 18
    Home » Cough Syrup Death Case: कप सिरप से बच्चों की मौत, CDSCO जांच में खुला चौंकाने वाला सच
    देश - विदेश

    Cough Syrup Death Case: कप सिरप से बच्चों की मौत, CDSCO जांच में खुला चौंकाने वाला सच

    News Lead 18By News Lead 18October 11, 2025
    Share Facebook Twitter Telegram Email Copy Link WhatsApp
    Follow Us
    YouTube WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter Email Copy Link Telegram WhatsApp

    Cough Syrup Death Case: कफ सिरप पीने से बच्चों की मौत मामले में तमिलनाडु के औषधि नियंत्रण विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है. जांच में कई ऐसे तथ्य सामने आए जो इशारा करते हैं कि तमिलनाडु के औषधि नियंत्रण प्रणाली की लापरवाही की वजह ले ही मध्य प्रदेश में कफ सिरप पीने से बच्चों की मौतें हुई हैं. एनडीटीवी को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, जांच में ये भी सामने आया है कि तमिलनाडु औषधि प्राधिकरण ने नियमों की अनदेखी की.

    राज्य ड्रग कंट्रोलर आर्गेनाइजेशन ने केंद्रीय सिफारिश के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की और कंपनी दशकों  से चलती रही. सूत्रों के मुताबिक, CDSCO की जांच में भी कई बड़े तथ्य सामने आए हैं. जिस फार्मा कंपनी  को उत्पादन की अनुमति दी गई थी उस गतिविधि की विभाग ने ठीक से निगरानी नहीं की. CDSCO ने इस घटना को राज्य की नियामक प्रणाली की नाकामी बताया है.

    NHM कर्मचारियों के लिए दिवाली तोहफा: 5% वेतन वृद्धि, 14,000 से अधिक कर्मियों को मिलेगा लाभ

     CDSCO रिपोर्ट की मुख्य बातें 

    • कंपनी पर ठीक से निगरानी नहीं की गई. जिस श्री सन फार्मा  को 2011 में लाइसेंस दिया गया था और  2016 में रिन्यू भी किया गया, लेकिन फैक्ट्री की हालत बेहद खराब थी.
    • तमिलनाडु ड्रग कंट्रोलर आर्गेनाइजेशन ने कभी भी कंपनी के बारे में केंद्र सरकार को जानकारी नहीं दी.
    • रिपोर्ट में डाटा और रजिस्ट्रेशन में भी कई बड़ी गड़बड़ियां सामने आई हैं.
    • दवाओं की बेहतर निगरानी के लिए केंद्र ने एक राष्ट्रीय डाटा तैयार करने का नियम लागू किया है, लेकिन कंपनी ने कभी भी राष्ट्रीय डाटा पोर्टल पर खुद को रजिस्टर नहीं किया, जबकि यह ज़रूरी था.
    • यह राज्य नियामक की जिम्मेदारी है कि वह राज्य में इस नियम को लागू करे, लेकिन तमिलनाडु ने ऐसा नहीं किया.
    • अक्तूबर 2023 में केंद्र ने सभी राज्यों से एक गूगल फॉर्म साझा कर  उनसे कंपनियों की जानकारियां देने के लिए कहा था.
    • इस बात को हर बार महीने की समीक्षा बैठक और राज्य एफडीए की बैठक में दोहराया गया, लेकिन श्री सन फार्मा ने पंजीकरण नहीं कराया. न ही राज्य ने उन्हें इसमें शामिल होने में मदद की.
    • कंपनी SUGAM पोर्टल पर भी दर्ज नहीं थी, जो कानून के तहत अनिवार्य है.
    • यहां भी कंपनी को पंजीकृत कराने की मुख्य जिम्मेदारी तमिलनाडु के औषधि नियंत्रण विभाग के पास थी

    Chhattisgarh : EV कार में ब्लास्ट के बाद लगी भीषण आग, देखते ही देखते जलकर खाक हुई गाड़ी

    तमिलनाडु सरकार की लापरवाही कैसे, जानें

    सीडीएससीओ के किसी भी ऑडिट में श्री सन फार्मा कंपनी शामिल नहीं रही. जबकि अपने क्षेत्र में सभी दवा कंपनियों की ऑडिट में लाने की जिम्मेदारी राज्य की है. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जांच के दौरान भी कई समस्याएं सामने आई हैं. MP FDA के कहने पर तमिलनाडु ने 1–2 अक्टूबर को ऑडिट किया, लेकिन केंद्र को इसकी जानकारी नहीं दी. 3 अक्टूबर को केंद्रीय टीम तमिलनाडु के कांचीपुरम पहुंची.

    जब जांच के लिए केंद्रीय टीम फैक्ट्री पहुंची तो राज्य के औषधि अधिकारी कई बार फोन करने पर भी नहीं आए. उसी रात राज्य ने कहा कि सिरप में 48% DEG मिला है और फैक्ट्री सील कर दी, इससे भ्रम की स्थिति पैदा हो गई. क्योंकि उससे पहले छिंदवाड़ा और नागपुर से लिए गए सैंपल्स की जांच में DEG नहीं मिला था.4 अक्टूबर को CDSCO ने लाइसेंस रद्द करने और कानूनी कार्रवाई करने की मांग की. 8 अक्टूबर को एमपी पुलिस ने कंपनी के मालिक को गिरफ्तार कर लिया  था, पर तमिलनाडु ने अब तक कोई कदम नहीं उठाया है.

    CG CRIME : शादी से पहले युवक की संदिग्ध मौत, परिजनों ने पूर्व पार्षद के पति पर लगाया हत्या का आरोप

    तमिलनाडु की कंपनी ने नहीं किया मानकों का पालन

    जांच के मुताबिक, तमिलनाडु की कंपनी ने मानकों का भी पालन नहीं किया. कंपनी के पास WHO-GMP प्रमाणपत्र नहीं था. केंद्र की दो अधिसूचनाओं (2023 और 2025) के बावजूद कंपनी ने आवेदन नहीं दिया और राज्य ने भी सख्ती नहीं की. तमिलनाडु की औषधि नियंत्रण प्रणाली ने न तो कंपनी पर समय पर कार्रवाई की और न ही सही निगरानी रखी. इसी वजह से जहरीला सिरप बाजार में पहुंचा और बच्चों की जानें गईं. सीडीएससीओ ने सभी राज्यों को दवा निगरानी सख्त करने की सलाह दी है. इससे पहले CAG रिपोर्ट में भी  तमिलनाडु औषधि नियंत्रण विभाग की लापरवाही का जिक्र किया गया था. 2016 से 2022 तक की रिपोर्ट का मूल्यांकन करने पर पता चला था कि औषधि विभाग ने दवा की सैंपलिंग और निरीक्षण में भारी कमी की थी.

    Related posts:

    1. प्रधानमंत्री मोदी ने ‘मन की बात’ में स्पेस और नारी शक्ति पर किया जोरदार बयान
    2. पंजाब कांग्रेस की रणनीतिक बैठक: भूपेश बघेल ने पार्टी मजबूती पर दिया जोर
    3. Donald Trump Hand Injury: क्या ट्रंप छिपा रहे हैं कोई गंभीर बीमारी? हाथ की हालत देख लोग हैरान
    4. Nikki Murder Case: विपिन के भाई ने खोली निक्की हत्याकांड की पोल, सामने आए चौंकाने वाले तथ्य
    Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Email Copy Link Telegram WhatsApp
    Previous ArticleNHM कर्मचारियों के लिए दिवाली तोहफा: 5% वेतन वृद्धि, 14,000 से अधिक कर्मियों को मिलेगा लाभ
    Next Article CG NEWS: आरक्षक पर अवैध वसूली का आरोप, महिला की शिकायत के बाद निलंबित

    Related Posts

    देश - विदेश

    भस्म आरती के दर्शन करने महाकाल के दरबार पहुंची भारी भीड़, क्रिकेटर स्नेहा राणा ने लिया आशीर्वाद

    देश - विदेश

    Russia Ukraine War: रूस के 1300 ड्रोन और 1200 गाइडेड बम हमलों से दहल उठा यूक्रेन, जेलेंस्की बोले- दर्दनाक हमला

    देश - विदेश

    South Africa  Mass Shooting: दक्षिण अफ्रीका में जोहान्सबर्ग के पास अंधाधुंध फायरिंग, 3 बच्चों सहित 11 की जान गई, 20 घायल

    Latest Posts

    रायपुर में सनसनी: पारिवारिक विवाद में जीजा ने दो सालियों को मारी गोली, एक की मौत, दूसरी की हालत नाजुक

    ड्राइवर ने SECL कर्मी की पत्नी को किडनैप किया:रिटायरमेंट का पैसा हड़पने घर से उठाया, पति को कॉल कर 22 लाख मांगे, 2 अरेस्ट

    छत्तीसगढ़ सेक्रेटरी का फेक साइन कर 1.5 करोड़ ठगे:टीचर-चपरासी ने फर्जी जॉब लेटर व्हाट्सऐप पर वायरल किया, लोगों से पैसे लिए; अरेस्ट

    छत्तीसगढ़ में अब गांवों में ही ठीक होंगे बोर व सोलर पंप, हर गांव में तैयार होगा एक ‘मैकेनिक

    छत्तीसगढ़ में जून से बिजली उपभोक्ताओं को लग सकता है झटका, 20 प्रतिशत तक महंगी हो सकती है बिजली

    पीडब्ल्यूडी के अफसरों ने खेल कर दिया…:टेंडर ‘श्री जी’ को, नाम काटकर ‘फॉर्च्यून अंश’ को दे दिया 50 लाख रु. का ठेका

    सुशासन तिहार:सीएम ने जमीन पर बैठकर श्रमिकों संग खाया बोरे-बासी; चखी आमा चटनी और मुनगा बड़ी

    दिन में कार्रवाई, शाम को फिर से बिकने लगी दवा:वजन घटाने के लिए शॉर्टकट अपना रहे युवा इसलिए ‘वेट लॉस’ दवाओं का काला कारोबार

    विश्व कार्टूनिस्ट दिवस पर कैरिकेचर मेकिंग का आयोजन:रायपुर में राष्ट्रीय प्रतियोगिता भी आयोजित, बस्तर पर्यटन को बढ़ावा

    टूरिज्म-बोर्ड की महिला अधिकारी से फोन पर सेक्स की डिमांड:व्हाट्सऐप पर भेजी नग्न तस्वीरें, विरोध करने पर दी गालियां; केस दर्ज

    Trending Posts
    Facebook X (Twitter) WhatsApp Instagram

    Laxman Sen

    Editor 

    Mobile – 8818866551
    Email- newslead18@gmail.com

    Useful Link

    • Privacy Policy
    • Term and Conditions
    • Disclaimer
    • Contact Us
    • About Us
    Develop By Nimble Technology

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.