Close Menu
    What's Hot

    दुर्ग के जेडी स्टील प्लांट में बड़ा हादसा, गर्म पिघला लोहा गिरने से ठेकेदार की दर्दनाक मौत

    Chhattisgarh: गुपचुप खाने से बिगड़ी 7 लोगों की तबीयत, 6 साल के बच्चे समेत पूरा परिवार अस्पताल में भर्ती

    Ration Card Update: राशन कार्ड में नाम जोड़ना-हटाना हुआ आसान! अन्न सहायता से घर बैठे करें शिकायत, जानें WhatsApp नंबर

    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    News Lead 18
    • होम
    • सिटी न्यूज़
    • छत्तीसगढ़
    • भारत
    • देश – विदेश
    • मनोरंजन
    • राजनीति
    • खेल जगत
    News Lead 18
    Home » ISRO Geo-Imaging Satellite: ISRO रचेगा नया इतिहास! 4 सितंबर को लॉन्च होगा भारत का पहला जियोसिंक्रोनस इमेजिंग सैटेलाइट EOS-05
    भारत

    ISRO Geo-Imaging Satellite: ISRO रचेगा नया इतिहास! 4 सितंबर को लॉन्च होगा भारत का पहला जियोसिंक्रोनस इमेजिंग सैटेलाइट EOS-05

    News Lead 18By News Lead 18September 2, 2026
    Share Facebook Twitter Telegram Email Copy Link WhatsApp
    Follow Us
    YouTube WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter Email Copy Link Telegram WhatsApp

    ISRO Geo-Imaging Satellite: भारतीय स्पेस एजेंसी ISRO एक और नया इतिहास रचने जा रहा है. ISRO 4 सितंबर को एक खास मिशन लॉन्च करने जा रहा है. इस मिशन के तहत इसरो अंतरिक्ष में भारत का पहला जियो-इमेजिंग सैटेलाइट लॉन्च करेगा. इस मिशन के सफल होने के बाद भारत उन चुनिंदा देशों में शामिल हो जाएगा, जिसके पास अपना जियो-इमेजिंग सैटेलाइट होगा. इस सैटेलाइट को लॉन्च करने के लिए इसरो अपने सबसे भरोसेमंद GSLV-F17 रॉकेट का इस्तेमाल करेगा. इस सैटेलाइट के पृथ्वी की आर्बिट में पहुंचने के बाद भारत अपनी सीमाओं पर अंतरिक्ष से नजर रख पाएगा. आखिर ये पूरा मिशन क्या है? इससे भारत को क्या-क्या फायदा होगा? पूरी बात समझते हैं.

    Chhattisgarh Rain Alert: बिना छतरी-रेनकोट घर से न निकलें! छत्तीसगढ़ में अगले 24 घंटे भारी बारिश का अलर्ट

    कब और कहां से होगा लॉन्च?

    केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने इस मिशन की जानकारी देते हुए बताया कि GSLV-F17/EOS-05 मिशन 4 सितंबर 2026 को सुबह 2:55 बजे श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन स्पेस सेंटर के दूसरे लॉन्च पैड से उड़ान भरेगा. GSLV-F17, भारत के जियोसिंक्रोनस सैटेलाइट लॉन्च व्हीकल की 19वीं उड़ान होगी और यह EOS-05 को सब-जियोसिंक्रोनस ट्रांसफर ऑर्बिट (Sub-GTO) में स्थापित करेगा.

    क्यों खास है यह सैटेलाइट?

    इस जियो-इमेजिंग सैटेलाइट का नाम है ‘EOS-05 (GISAT-1A)’. यह जियोसिंक्रोनस आर्बिट से काम करने वाला भारत का पहला इमेजिंग सैटेलाइट होगा. यह करीब 2367 किलोग्राम वजन का एडवांस अर्थ ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट है. यानी इस सैटेलाइट के जरिए अंतरिक्ष से पृथ्वी की निगरानी की जाएगी. इस सैटेलाइट से भारतीय उपमहाद्वीप की रियल-टाइम हाई-रिजॉल्यूशन तस्वीरें इसरो को मिल पाएंगी. यह मिशन इसलिए भी खास है क्योंकि ज्यादातर भारतीय रिमोट सेंसिंग सैटेलाइट लो-अर्थ ऑर्बिट में काम करते हैं और किसी इलाके की सीमित समय तक ही निगरानी कर पाते हैं. वहीं EOS-05 करीब 36000 किलोमीटर ऊंची जियोसिंक्रोनस ऑर्बिट से भारत पर लगातार नजर रख सकेगा.

    हर आधे घंटे में पूरे भारत की लेगा तस्वीरें

    GISAT-1A सैटेलाइट का मुख्य काम भारत की निगरानी करना और तस्वीरें लेना ही है. यह सैटेलाइट पूरे भारत की इमेजिंग लगभग हर 30 मिनट में करेगा. वहीं अगर किसी चुनिंदा जगह की तस्वीरें लेनी है तो यह काम हर 5 मिनट में पूरा हो सकेगा. इस सैटेलाइट में बेहद एडवांस हाई रिजॉल्यूशन कैमरे लगे हैं, जो मल्टीस्पेक्ट्रल और हाइपरस्पेक्ट्रल इमेजिंग क्षमता रखते हैं. यह सैटेलाइट अगले 10 साल तक काम करेगा.

    Railway Recruitment 2026: 10वीं-ITI पास के लिए सुनहरा मौका, 4,471 अप्रेंटिस पदों पर भर्ती; हर महीने मिलेगा स्टाइपेंड

    किन देशों के पास ऐसी टेक्नोलॉजी?

    भारत से पहले कुछ चुनिंदा देशों के पास ही जियो-इमेजिंग सैटेलाइट हैं.

    • अमेरिका: अमेरिकी स्पेस एजेंसी NASA पहले ही इस तरह के सैटेलाइट जैसे GOES सीरीज, SBIRS / DSP लॉन्च कर चुका है, जो मिसाइल ट्रैकिंग से लेकर मौसम का पूर्वानुमान में मदद करते हैं.
    • चीन: चीन के पास भी Gaofen और Yaogan जैसे सैटेलाइट हैं, जिनका इस्तेमाल चीन सैन्य निगरानी और आपदा प्रबंधन में करता है.
    • यूरोप: यूरोप और अफ्रीका के पास भी हाई-स्पीड मल्टी-स्पेक्ट्रल इमेजिंग सैटेलाइट है, जिससे वे मौसम और पर्यावरण पर नजर रखते हैं.
    • रूस: रूस भी सीमाओं की निगरानी और मौसम पर नजर रखने के लिए Elektro-L सीरीज के सैटेलाइट का इस्तेमाल करता है.
    • जापान: Himawari सीरीज के सैटेलाइट अंतरिक्ष से इमेजिंग करते हैं.
    • साउथ कोरिया:  KARI एजेंसी GEO-KOMPSAT सीरीज के सैटेलाइट से मौसम और समुद्री पर्यावरण की रियल टाइम निगरानी करते हैं.

    भारत को क्या मिलेगा फायदा?

    • जियो-इमेंजिंग सैटेलाइट से भारत सीमाओं पर 24×7 निगरानी रख सकेगा. LAC और LoC पर सैनिक गतिविधियों, सैन्य ढांचे और मूवमेंट की निगरानी पहले से ज्यादा तेज हो पाएगी.
    • इस सैटेलाइट से जरूरत पड़ने पर किसी खास इलाके की रियल टाइम तस्वीरें बार-बार मिल सकेंगी. युद्ध या संकट के वक्त भारतीय सेना को इसका फायदा होगा.
    • भारत को हिंद महासागर क्षेत्र में जहाजों, समुद्री गतिविधियों और रणनीतिक मूवमेंट की बेहतर निगरानी में मदद मिल पाएगी.
    • आपदा प्रबंधन में GISAT-1A सैटेलाइट गेम चेंजर साबित हो सकता है. इससे साइक्लोन, बाढ़, जंगलों की आग, बादल फटने और फ्लैश फ्लड जैसी घटनाओं पर रियल टाइम निगरानी रखी जा सकेगी.

    Related posts:

    1. Nikki Murder Case: विपिन के भाई ने खोली निक्की हत्याकांड की पोल, सामने आए चौंकाने वाले तथ्य
    2. Delhi Bomb Blast Update: डॉक्टर शाहीन के 3 बार पाक दौरों ने खड़े किए सवाल, सुरक्षा एजेंसियां मैडम X-Z की पड़ताल में जुटीं
    3. RRB JE Vacancy 2026: रेलवे ने बढ़ाईं जूनियर इंजीनियर की वैकेंसी, अब 4,029 पदों पर होगी भर्ती; जानें कितनी नई सीटें जोड़ी गईं
    4. Vaibhav Suryavanshi ने रचा इतिहास, 57 साल पुराना रिकॉर्ड ध्वस्त कर मचाई सनसनी
    Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Email Copy Link Telegram WhatsApp
    Previous ArticleChhattisgarh Rain Alert: बिना छतरी-रेनकोट घर से न निकलें! छत्तीसगढ़ में अगले 24 घंटे भारी बारिश का अलर्ट
    Next Article Bilaspur Violence Update: बिलासपुर हिंसा मामले में बड़ा एक्शन, सोहेल खान ने थाने पहुंचकर किया सरेंडर; 3 साथी भी पकड़े गए

    Related Posts

    भारत

    Ration Card Update: राशन कार्ड में नाम जोड़ना-हटाना हुआ आसान! अन्न सहायता से घर बैठे करें शिकायत, जानें WhatsApp नंबर

    भारत

    Smart TV Privacy Tips: क्या स्मार्ट टीवी आपकी बातें सुन रहा है? प्राइवेसी के लिए तुरंत बंद करें ये फीचर्स

    भारत

    Train Rules Alert: ट्रेन में स्पीकर पर गाना बजाना पड़ेगा भारी! ₹1,000 जुर्माना और जेल तक की नौबत, रेलवे के नियम जान लें

    Latest Posts

    दुर्ग के जेडी स्टील प्लांट में बड़ा हादसा, गर्म पिघला लोहा गिरने से ठेकेदार की दर्दनाक मौत

    Chhattisgarh: गुपचुप खाने से बिगड़ी 7 लोगों की तबीयत, 6 साल के बच्चे समेत पूरा परिवार अस्पताल में भर्ती

    Ration Card Update: राशन कार्ड में नाम जोड़ना-हटाना हुआ आसान! अन्न सहायता से घर बैठे करें शिकायत, जानें WhatsApp नंबर

    छत्तीसगढ़ में आज बदल सकता है मौसम, हल्की बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी

    Dussehra 2026: नई शुरुआत से लेकर शस्त्र पूजा तक, विजयादशमी पर कौन-से काम करना माना जाता है शुभ?

    सिरदर्द के साथ चक्कर आना किस बीमारी का संकेत? जानें कारण और कब डॉक्टर से मिलना जरूरी

    SSR-2027: वोटर लिस्ट को लेकर बड़ा अपडेट, 12 नवंबर को आएगी ड्राफ्ट सूची; जानें कब तक कर सकेंगे दावा-आपत्ति

    टाइगर श्रॉफ पर हमले के बाद सलमान खान की सुरक्षा कड़ी, एक्टर के घर पर भी हो चुका है हमला

    न दशहरे पर रावण जलता है, न होली पर होलिका! छत्तीसगढ़ के इस गांव की अनोखी मान्यता जानकर रह जाएंगे हैरान

    Smart TV Privacy Tips: क्या स्मार्ट टीवी आपकी बातें सुन रहा है? प्राइवेसी के लिए तुरंत बंद करें ये फीचर्स

    Trending Posts
    Facebook X (Twitter) WhatsApp Instagram

    Laxman Sen

    Editor 

    Mobile – 8818866551
    Email- newslead18@gmail.com

    Useful Link

    • Privacy Policy
    • Term and Conditions
    • Disclaimer
    • Contact Us
    • About Us
    Develop By Nimble Technology

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.